गिलोय जिसका वैज्ञानिक नाम टिनोस्पोरा कोर्डीफोलिया है जिसका आकर पान के पत्ते जैसा होता है ! इसकी लता या बेल होती है जो नीम या किसी अन्य वृक्ष के आस पास लपेटे होती है और उसी वृक्ष के गुण ये ले लेती है ! इसे आयुर्वेद में अमृता के नाम से भी जाना जाता है ! गिलोय जंगलो में फैली रहती है लेकिन जानकारी के आभाव में हम इसे पहचान नहीं पाते ! नीम के साथ चढ़ी गिलोय की बेल सबसे ज्यादा फायदे मंद होती है !यह आयुर्वेद में सबसे महत्वपूर्ण जड़ी बूटी है इसके कुछ महत्वपूर्ण फायदे या उपयोग है -
Sunday, November 6, 2022
अमृत वटी है गिलोय
गिलोय जिसका वैज्ञानिक नाम टिनोस्पोरा कोर्डीफोलिया है जिसका आकर पान के पत्ते जैसा होता है ! इसकी लता या बेल होती है जो नीम या किसी अन्य वृक्ष के आस पास लपेटे होती है और उसी वृक्ष के गुण ये ले लेती है ! इसे आयुर्वेद में अमृता के नाम से भी जाना जाता है ! गिलोय जंगलो में फैली रहती है लेकिन जानकारी के आभाव में हम इसे पहचान नहीं पाते ! नीम के साथ चढ़ी गिलोय की बेल सबसे ज्यादा फायदे मंद होती है !यह आयुर्वेद में सबसे महत्वपूर्ण जड़ी बूटी है इसके कुछ महत्वपूर्ण फायदे या उपयोग है -
Sunday, February 10, 2019
अश्वगंधा है जबरदस्त
दोस्तों आज हम बात करेंगे एक ऐसी औषधि की जिसे हमारे ऋषि मुनियों ने बताया और प्राचीन कल से ही ये औषधि उपयोग में लायी जा रही है !
ये बहुत ही चमत्कारी जड़ी बूटी है जिसका उपयोग आज चूरन एवं केप्सूल में हो रहा है ! अश्वगंधा जैसा की नाम से ही प्रतीत होता है की जो घोड़े के समान ताकत देने वाला हो और जिसमे से घोड़े के मूत्र के समान गंध आती हो ! इसका वैज्ञानिक नाम विथानिआ सोम्निफ़ेरा है इसे इंडियन जिनसेंग भी कहते है !
आज के युग में जो सबसे बड़ी समस्या है वह है तनाव ! तनाव की वजह से हमें कई सारी बीमारियां हो रही है तथा हमारा जीवन अस्त व्यस्त हो रहा है ! अश्वगंधा के निरंतर सेवन से हम तनाव से धीरे धीरे मुक्त हो जाते है ! हमें नींद अच्छी आती है !
इस तनाव भरी जिंदगी में सेक्स समस्याये बहुत ज्यादा हो गयी है ! अश्वगंधा के उपयोग से शरीर में फुर्ती बढ़ती है , शुक्राणुओं की संख्या में बढ़ोत्तरी होती है, हमारा वीर्य बढ़ाता है तथा वीर्य को और ज्यादा गाढ़ा करता है जिससे तथा वैवाहिक जीवन सुखी और संतुष्ट होता हैं !
वजन बढ़ाने के लिए हम बहुत कोशिश करते है लेकिन इसके लिए मार्किट में कोई ठोस उपाय नही है इसलिए जिन लोगो का वजन नहीं बढ़ता उनको अश्वगंधा का सेवन करना चाहिए इसे गर्म दूध के साथ लेने से वजन तेजी से बढ़ता है और आपका शरीर सुडौल हो जाता है !
हमारे शरीर का इम्यून सिस्टम बढ़ाने में अश्वगंधा सहायता करता है जिससे हमारी रोगो से लड़ने की क्षमता बाद जाती है और हम जल्दी जल्दी बीमार नहीं होते !
जोड़ो के दर्द एवं गठिया में अश्वगंधा बहुत ही उपयोगी है इसके उपयोग से ये समस्या काफी हद तक दूर हो जाती है !
त्वचा सम्बन्धी रोगो में भी अश्वगंधा बहुत असरकारी है ! किसी भी प्रकार का चर्म रोग यदि हो तो अश्वगंधा का सेवन करे लाभदायक होगा !
अश्वगंधा के उपयोग से याददाश्त बढ़ती है ! इसमें एंटी एजिंग गुण है जिससे चेहरे की चमक बढ़ जाती है तथा झुर्रिया का हो जाती है !
बालो की चमक बढ़ाने तथा उनको बढ़ाने में अश्वगंधा बहुत ही लाभदायक है ! इसके लगातार उपयोग से बाल घने लम्बे तथा काले होते है !
अश्वगंधा लम्बाई बढ़ाने में भी सहायक है !
लेकिन मित्रो इसके साथ ही हमें इस बात का भी ध्यान रखना है इसकी ज्यादा मात्रा हानिकारक हो सकती है इसलिए इसका उपयोग किसी से परामर्श के बाद ही लेना चाहिए !
इस तनाव भरी जिंदगी में सेक्स समस्याये बहुत ज्यादा हो गयी है ! अश्वगंधा के उपयोग से शरीर में फुर्ती बढ़ती है , शुक्राणुओं की संख्या में बढ़ोत्तरी होती है, हमारा वीर्य बढ़ाता है तथा वीर्य को और ज्यादा गाढ़ा करता है जिससे तथा वैवाहिक जीवन सुखी और संतुष्ट होता हैं !
वजन बढ़ाने के लिए हम बहुत कोशिश करते है लेकिन इसके लिए मार्किट में कोई ठोस उपाय नही है इसलिए जिन लोगो का वजन नहीं बढ़ता उनको अश्वगंधा का सेवन करना चाहिए इसे गर्म दूध के साथ लेने से वजन तेजी से बढ़ता है और आपका शरीर सुडौल हो जाता है !
हमारे शरीर का इम्यून सिस्टम बढ़ाने में अश्वगंधा सहायता करता है जिससे हमारी रोगो से लड़ने की क्षमता बाद जाती है और हम जल्दी जल्दी बीमार नहीं होते !
जोड़ो के दर्द एवं गठिया में अश्वगंधा बहुत ही उपयोगी है इसके उपयोग से ये समस्या काफी हद तक दूर हो जाती है !
त्वचा सम्बन्धी रोगो में भी अश्वगंधा बहुत असरकारी है ! किसी भी प्रकार का चर्म रोग यदि हो तो अश्वगंधा का सेवन करे लाभदायक होगा !
अश्वगंधा के उपयोग से याददाश्त बढ़ती है ! इसमें एंटी एजिंग गुण है जिससे चेहरे की चमक बढ़ जाती है तथा झुर्रिया का हो जाती है !
बालो की चमक बढ़ाने तथा उनको बढ़ाने में अश्वगंधा बहुत ही लाभदायक है ! इसके लगातार उपयोग से बाल घने लम्बे तथा काले होते है !
अश्वगंधा लम्बाई बढ़ाने में भी सहायक है !
लेकिन मित्रो इसके साथ ही हमें इस बात का भी ध्यान रखना है इसकी ज्यादा मात्रा हानिकारक हो सकती है इसलिए इसका उपयोग किसी से परामर्श के बाद ही लेना चाहिए !
दादी माँ के घरेलु उपाय

दोस्तों पुराने समय में दवाइयों के बजाय घर में रखे चीज़ो से ही इलाज किया जाता था !हमारी दादी नानी इन चीज़ो के भरोसे ही रहती थी और ये उपाय बहुत ही कारगर होते थे -
मुँह से यही बदबू आती हो तो दाल चीनी का टुकड़ा मुँह में रख लेने से बदबू आना बंद हो जाती है !
घुटने में यही दर्द रहता हो तो अखरोट की गिरीया कुछ दिन सुबह सुबह खाने से दर्द ख़तम हो जाता है !
आलू त्वचा के लिए बहुत ही फायदे मंद है इसे लगाने से रंग साफ होता है , कील मुहासे चले जाते है , किसी भी प्रकार के जलने पर इसे लगाने से आराम मिलता है !
पेट में यही कीड़े हो प्याज का रास पीने से कीड़े मर जाते है !
कान में यदि दर्द हो या फुंसी हो तो लहसुन को सरसो के तेल के साथ गरम करके उस तेल को सुबह दोपहर शाम कान में डालने से दर्द ठीक हो जाता है !
हम में से बहुत से लोग मोटापे से परेशान रहते है इसके लिए १ गिलास गुनगुने नींबू को निचोड़ कर पीने से मोटापा काम होता है !
डैंड्रफ या रूसी से यदि परेशान हो तो नारियल के तेल में कपूर को मिलकर रात को सोने से पहले लगाए जल्दी ही डैंड्रफ ख़तम हो जायेगी
गर्मियों के दिनो में लू लग जाये तो प्याज का रस निकल कर माथे पर , कनपटी पर, तलवो पर और हथेलियों पर लगाए लू नहीं लगेगी ! इसके साथ ही प्याज दिन में 4 - 5 खाये तो लू से बचे रहेंगे !
ऐसे बहुत सारे उपाय है जिससे जो हम घर में ही कर सकते है और काफी हद तक बिमारियों को दूर कर सकते है !
Friday, February 8, 2019
अजवाइन है गुणों का भण्डार
दोस्तों पिछले ब्लॉग में मैंने आपको हल्दी के फायदे बताये थे कि हल्दी कैसे हमारे लिए फायदे मंद है इसी कड़ी में आज में आपको अजवाइन के बारे में बताने जा रहा हूँ जो हमारे किचेन में हमेशा मौजूद रहती है और गुणों का भंडार है !इसे अजोवन या भिशप सीड के नाम से भी जाना जाता है ! इसका वैज्ञानिक नाम ट्रैक्स्स्पर्मम कॉप्टिकम है ! आयुर्वेद में भी इसके काफी फायदे बताये गए है ! आइये जानते है इसके कुछ फायदे -
अजवाइन को पेट में दर्द , दस्त लगने, अपचन , अफरा लगने , मल सम्बन्धी समस्याओं के आदि में उपयोग किया जाता है ! इसे सेंधा नमक में मिलाकर गरम पानी के साथ पीने से ये पेट के लिए बहुत ही लाभ दायक होती है !
इसमें एंटी हाइपर एसिडिटी का गुण होता है ! इसे अल सुबह या भोजन के बाद १५ से २० दिन तक लेने से एसिडिटी राहत मिलती है !
मुँह की गंध दूर करने में भी अजवाइन बहुत उपयोगी है !
दांतों में किसी भी प्रकार का दर्द हो तो अजवाइन तेल में मिलकर लगाने से दर्द में आराम मिलता है !
अजवाइन शरीर का मेटाबोलिज्म बढ़ती है इसका पानी पीते रहने से मोटापे में भी फायदा होता है ये शरीर की पाचन क्रिया को अच्छा करती है !
ये शरीर में शुक्राणुओं की संख्या बढ़ाने का काम करती है तथा इस्खलन को रोकता है ! जिससे वैवाहिक जीवन का आनंद लम्बे समय तक लिया जा सकता है !
शराब के नशे से यदि मुक्त होना हो तो अजवाइन को मुँह में रखकर चूसने से शराब पीने की इच्छा काम हो जाती है हालाकिं इसके लिए काफी दिनों तक ये करते रहना होगा ! इसके अच्छे परिणाम आपको देखने को मिलेंगे !
ये कान के दर्द में भी आराम देती है इसे तेल के साथ गरम कर ले और हल्का कुनकुना होने पर कान में डाल ले इससे दर्द मिलेगा !
अजवाइन का तेल जोड़ो के दर्द , गठिया के दर्द आदि में भी लाभदायक है इसकी नियमित रूप से मालिश करने से दर्द में आराम मिलता है !
देखा दोस्तों अजवाइन खाने के साथ साथ औषधि में भी उपयोगी है चूँकि अजवाइन गरम होती है इसलिए गरम तासीर वालों को इसकी कम मात्रा लेनी चाहिए ! इसके अधिक उपयोग से जलन , छाले , अम्लता आदि की समस्या हो सकती है !
Monday, February 4, 2019
चमत्कारी औषधि है हल्दी
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